कानपुर/इंदौर। अगर किसी जानवर को “VIP ट्रीटमेंट” मिलने की बात कही जाए तो शायद यकीन न हो, लेकिन कानपुर चिड़ियाघर के हिप्पो ‘सतीश’ के लिए कुछ ऐसा ही इंतजाम किया जा रहा है। एनिमल एक्सचेंज प्रोग्राम के तहत सतीश को कानपुर से इंदौर भेजा जाएगा और इस करीब 700 किलोमीटर लंबे सफर में उसे लगातार पानी से नहलाया जाएगा। अनुमान है कि पूरी यात्रा में करीब 20 हजार लीटर पानी खर्च होगा।
आखिर क्यों पड़ेगी 20 हजार लीटर पानी की जरूरत
दरियाई घोड़ा (Hippopotamus) ऐसा जानवर है, जो अपना अधिकांश समय पानी में बिताता है। उसकी त्वचा को लगातार नमी की जरूरत होती है। लंबे सड़क सफर के दौरान शरीर का तापमान सामान्य बनाए रखने और त्वचा को सूखने से बचाने के लिए ट्रक में विशेष स्प्रे सिस्टम लगाया जाएगा। रास्ते भर उसके ऊपर पानी की बौछार की जाएगी और जरूरत पड़ने पर बीच-बीच में पानी के टैंक दोबारा भरे जाएंगे।
10 दिन में पहुंचेगा नया घर
कानपुर से इंदौर की दूरी करीब 700 से 709 किलोमीटर है। अधिकारियों के अनुसार, परिवहन प्रक्रिया को सुरक्षित बनाने के लिए यात्रा चरणबद्ध तरीके से पूरी की जाएगी और इसमें लगभग 10 दिन लग सकते हैं। इस दौरान पशु चिकित्सकों और प्रशिक्षित कर्मचारियों की टीम हर समय सतीश के साथ रहेगी।
हिप्पो के लिए तैयार हुआ खास पिंजरा
सतीश की यात्रा के लिए उसकी शारीरिक बनावट के अनुसार विशेष पिंजरा तैयार किया गया है। पिंजरे का आकार ऐसा रखा गया है कि सफर के दौरान वह आराम से बैठ और खड़ा हो सके, लेकिन ज्यादा जगह भी न हो ताकि झटकों से चोट लगने का खतरा कम रहे।
बदले में कानपुर आएगी शेरनी ‘वीरा’
यह पूरा ट्रांसफर Animal Exchange Programme के तहत हो रहा है। सतीश के बदले इंदौर चिड़ियाघर अपनी तीन वर्षीय एशियाई शेरनी ‘वीरा’ को कानपुर भेजेगा। कानपुर में मौजूद नर शेर शंकर के लिए यह नई साथी होगी, जबकि इंदौर में मौजूद मादा हिप्पो डिंपी को सतीश का साथ मिलेगा। इस अदला-बदली का उद्देश्य दोनों चिड़ियाघरों में प्रजनन और संरक्षण कार्यक्रमों को मजबूत करना है।
सेंट्रल जू अथॉरिटी से मिली मंजूरी
इस एनिमल एक्सचेंज को Central Zoo Authority (CZA) की मंजूरी मिल चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि जानवरों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए परिवहन वाहन की अधिकतम गति भी तय की गई है और पूरे सफर की निगरानी विशेषज्ञ करेंगे।