वॉशिंगटन/नई दिल्ली। अमेरिकी शोध संस्था Pew Research Center के ताजा वैश्विक सर्वे में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की लोकप्रियता और उनके नेतृत्व पर लोगों के भरोसे में गिरावट दर्ज की गई है। 36 देशों में किए गए इस सर्वे के अनुसार अधिकांश देशों के लोग ट्रंप के वैश्विक नेतृत्व पर पहले की तुलना में कम भरोसा जता रहे हैं। भारत में भी पिछले वर्ष के मुकाबले ट्रंप के प्रति लोगों का विश्वास घटा है। सर्वे फरवरी से मई 2026 के बीच किया गया था।
भारत में 51% से घटकर 39% रह गया भरोसा
सर्वे के अनुसार, 2025 में 51% भारतीयों ने ट्रंप के नेतृत्व पर भरोसा जताया था, लेकिन 2026 में यह आंकड़ा घटकर 39% रह गया। यानी एक वर्ष में 12 प्रतिशत अंकों की गिरावट दर्ज की गई। वहीं 36% भारतीयों ने कहा कि उन्हें ट्रंप पर भरोसा नहीं है, जबकि बाकी उत्तरदाताओं ने कोई स्पष्ट राय नहीं दी।
दुनिया के अधिकांश देशों में भी नकारात्मक राय
Pew Research के मुताबिक, सर्वे में शामिल 36 देशों में औसतन अधिकांश लोगों ने ट्रंप के वैश्विक नेतृत्व पर भरोसा नहीं जताया। कनाडा, जर्मनी, फ्रांस, स्पेन, स्वीडन, ऑस्ट्रेलिया और कई अन्य देशों में ट्रंप के प्रति नकारात्मक राय अधिक देखने को मिली। कई देशों के लोगों ने अमेरिका को पहले की तुलना में कम भरोसेमंद वैश्विक साझेदार भी बताया।
किन देशों में अपेक्षाकृत बेहतर समर्थन
हालांकि लोकप्रियता में गिरावट दर्ज हुई है, फिर भी भारत उन देशों में शामिल है जहां ट्रंप के प्रति भरोसा कई पश्चिमी देशों की तुलना में अपेक्षाकृत अधिक बना हुआ है। इज़राइल, नाइजीरिया, केन्या और हंगरी जैसे कुछ देशों में भी ट्रंप को अपेक्षाकृत बेहतर समर्थन मिला।
महिलाओं की तुलना में पुरुषों में ज्यादा समर्थन
रिपोर्ट के अनुसार, कई देशों की तरह भारत में भी पुरुषों ने ट्रंप के प्रति महिलाओं की तुलना में अधिक भरोसा जताया। वहीं अधिक उम्र के लोगों और दक्षिणपंथी विचारधारा से जुड़े उत्तरदाताओं में समर्थन अपेक्षाकृत ज्यादा देखने को मिला।
सर्वे कैसे किया गया
Pew Research Center ने यह सर्वे 36 देशों में 40 हजार से अधिक वयस्कों से बातचीत के आधार पर तैयार किया। इसमें अमेरिका की वैश्विक छवि, ट्रंप के नेतृत्व, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और विश्वसनीयता को लेकर लोगों की राय ली गई। सर्वे फरवरी से मई 2026 के बीच किया गया।
विशेषज्ञ क्या मानते हैं
विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिका की विदेश नीति, वैश्विक व्यापार, सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर ट्रंप प्रशासन के फैसलों का असर उनकी वैश्विक छवि पर पड़ा है। हालांकि अलग-अलग देशों की घरेलू परिस्थितियों और अमेरिका से उनके संबंधों के कारण लोगों की राय में अंतर भी देखने को मिलता है।