सतना में टीपीसी मीटर से पकड़ा गया खराब कुकिंग ऑयल, 32 लीटर तेल नष्ट

सतना। शहर के होटल, रेस्टोरेंट, मिठाई और नाश्ते की दुकानों में बार-बार इस्तेमाल किए जा रहे कुकिंग ऑयल के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई की। जांच के दौरान टीपीसी (टोटल पोलर कम्पाउंड) मीटर से कई प्रतिष्ठानों में खाद्य तेल निर्धारित मानकों से अधिक खराब पाया गया। टीम ने मौके पर ही 32 लीटर अनुपयुक्त और जला हुआ खाद्य तेल नष्ट कराया तथा संबंधित कारोबारियों को दोबारा लापरवाही नहीं बरतने की सख्त चेतावनी दी।

कलेक्टर के निर्देश पर चला जांच अभियान

कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी अभिषेक बिहारी गौड़ के नेतृत्व में टीम ने शहर के विभिन्न होटल, रेस्टोरेंट और खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। इस दौरान समोसा, कचौड़ी, टिक्की समेत अन्य तले हुए खाद्य पदार्थ बनाने में इस्तेमाल हो रहे तेल की गुणवत्ता आधुनिक टीपीसी मीटर से जांची गई।

जांच में कुछ प्रतिष्ठानों पर एक ही तेल का बार-बार उपयोग किया जाना सामने आया। जिन स्थानों पर टीपीसी की रीडिंग तय सीमा से अधिक मिली, वहां मौजूद 32 लीटर खराब खाद्य तेल को तत्काल नष्ट कराया गया।

टीपीसी क्या होता है

टीपीसी (Total Polar Compound) वह मानक है जिससे यह पता चलता है कि खाद्य तेल कितनी बार गर्म किया जा चुका है और उसकी गुणवत्ता कितनी खराब हो चुकी है। भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) के अनुसार यदि किसी तेल में टीपीसी का स्तर 25 प्रतिशत से अधिक हो जाता है, तो वह मानव उपभोग के लिए असुरक्षित माना जाता है।

बार-बार गर्म किया गया तेल क्यों है खतरनाक

खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार एक ही तेल को बार-बार गर्म करने से उसमें हानिकारक रासायनिक परिवर्तन होने लगते हैं। ऐसे तेल का लगातार सेवन करने से—

  • हृदय रोग का खतरा बढ़ सकता है।
  • कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की आशंका बढ़ती है।
  • पाचन तंत्र पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
  • शरीर में विषैले तत्व जमा होने का खतरा रहता है।

बिना टीपीसी मीटर ऐसे पहचानें खराब तेल

यदि टीपीसी मीटर उपलब्ध नहीं है, तो भी कुछ संकेतों से खराब तेल की पहचान की जा सकती है।

  • तेल का रंग गहरा भूरा या काला हो जाए।
  • तेल सामान्य से अधिक गाढ़ा और चिपचिपा लगे।
  • गर्म करने पर जरूरत से ज्यादा झाग बनने लगे।
  • तेल से जली हुई या बासी गंध आने लगे।
  • कम तापमान पर ही तेज धुआं निकलने लगे।

ऐसे किसी भी संकेत के दिखाई देने पर उस तेल का उपयोग तुरंत बंद कर देना चाहिए।

दोबारा लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई

खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में यदि किसी प्रतिष्ठान में निर्धारित मानकों का उल्लंघन पाया गया, तो खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत लाइसेंस निलंबित या निरस्त करने सहित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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