भोपाल। मध्य प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री मोहन यादव पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि उज्जैन में स्थित लगभग 500 करोड़ रुपये मूल्य की जमीन एक ट्रस्ट को महज 1 रुपये में आवंटित की गई।
दिल्ली में बुधवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पटवारी ने कहा कि जिस ट्रस्ट को जमीन दी गई, उसके एक ट्रस्टी मुख्यमंत्री के सांस्कृतिक सलाहकार बताए जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार को इस पूरे मामले पर सार्वजनिक रूप से जवाब देना चाहिए।
कांग्रेस नेता ने कई सवाल उठाते हुए पूछा कि यदि जमीन आवंटन से जुड़ी रिपोर्टें गलत हैं तो संबंधित मामलों में कार्रवाई क्यों नहीं की गई। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद उनके परिवार द्वारा की गई जमीन खरीद की जानकारी जनता के सामने रखी जानी चाहिए।
पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश में जमीन से जुड़े मामलों में पारदर्शिता की कमी है और सरकार को सभी प्रमुख भूमि आवंटनों तथा विकास परियोजनाओं की समय-सीमा सार्वजनिक करनी चाहिए। उन्होंने मामले की स्वतंत्र जांच कराने की भी मांग की।
वहीं, इस पूरे विवाद को लेकर भारतीय जनता पार्टी की ओर से अभी तक कोई विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक गलियारों में इस मुद्दे को लेकर चर्चा तेज हो गई है और आने वाले दिनों में यह मामला और अधिक तूल पकड़ सकता है।