Amarnath Yatra: जान लें नया नियम, बिना रजिस्ट्रेशन पहुंचे तो नहीं मिलेगी आगे जाने की अनुमति
श्री अमरनाथ यात्रा 2026 के लिए श्रद्धालुओं की रिकॉर्ड संख्या जम्मू पहुंच रही है। बढ़ती भीड़ को देखते हुए जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने अहम एडवाइजरी जारी करते हुए कहा है कि 9 जुलाई तक सभी पंजीकरण स्लॉट पूरी तरह भर चुके हैं। ऐसे में बिना रजिस्ट्रेशन जम्मू पहुंचने वाले श्रद्धालुओं से फिलहाल तीन से चार दिन बाद यात्रा की योजना बनाने की अपील की गई है।
बिना रजिस्ट्रेशन पहुंचे श्रद्धालुओं को दिए जा रहे टोकन
जम्मू के संभागीय आयुक्त रमेश कुमार ने संयुक्त प्रेस वार्ता में बताया कि जिन श्रद्धालुओं को तत्काल पंजीकरण नहीं मिल पा रहा है, उनके लिए टोकन सिस्टम शुरू किया गया है। यदि अगले दिन या उसके अगले दिन का रजिस्ट्रेशन उपलब्ध नहीं होता, तो उन्हें टोकन जारी कर निर्धारित तिथि दी जाती है। उन्होंने बताया कि शनिवार को करीब 12 हजार टोकन वितरित किए गए। इस व्यवस्था का उद्देश्य श्रद्धालुओं को लंबी कतारों में इंतजार कराने के बजाय उनकी यात्रा को व्यवस्थित बनाना है।
इंतजार के दौरान वैष्णो देवी और शिव खोरी जा सकते हैं श्रद्धालु
प्रशासन ने कहा कि टोकन प्राप्त श्रद्धालु अपनी निर्धारित यात्रा तिथि तक श्री माता वैष्णो देवी, शिव खोरी और जम्मू के आसपास के अन्य धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों के दर्शन कर सकते हैं। इससे उन्हें जम्मू में भीड़ के बीच लंबे समय तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
रविवार से केवल पंजीकृत श्रद्धालुओं को मिलेगी आगे जाने की अनुमति
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि रविवार से केवल पंजीकृत श्रद्धालुओं को ही कश्मीर की ओर आगे बढ़ने की अनुमति दी जाएगी। सुरक्षा जांच के दौरान वाहनों में सफर कर रहे यात्रियों के पंजीकरण की भी जांच होगी। जिनके पास वैध पंजीकरण नहीं होगा, उन्हें निर्धारित चेक पोस्ट पर रोक दिया जाएगा। यह व्यवस्था यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाए रखने के लिए लागू की जा रही है।
यात्रा मार्ग पर लागू है दैनिक कोटा
संभागीय आयुक्त रमेश कुमार ने बताया कि अमरनाथ गुफा तक जाने वाले मार्ग की भौगोलिक स्थिति, मौसम और सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए प्रतिदिन सीमित संख्या में ही श्रद्धालुओं को अनुमति दी जाती है। इसी कारण पहले से पंजीकृत यात्रियों को प्राथमिकता दी जा रही है और शेष को उपलब्ध कोटे के अनुसार ऑन-द-स्पॉट पंजीकरण दिया जा रहा है।
प्रशासन ने की पूरी तैयारी
प्रशासन का कहना है कि श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड और जम्मू-कश्मीर प्रशासन यात्रा के सुचारु संचालन के लिए पूरी तरह तैयार हैं। श्रद्धालुओं के ठहरने, भोजन, सुरक्षा, RFID कार्ड और अन्य सुविधाओं के व्यापक इंतजाम किए गए हैं ताकि यात्रा सुरक्षित और सुविधाजनक बनी रहे।
यह भी पढ़ें: ‘बम-बम भोले’ के जयघोष के साथ शुरू हुई अमरनाथ यात्रा, मनोज सिन्हा ने पहले जत्थे को दिखाई हरी झंडी