सतना। डिजिटल डेस्क
सिविल लाइन थाना क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान के अंदर मिली 65 वर्षीय रमाशंकर गर्ग की क्षत-विक्षत लाश के मामले में पुलिस ने हत्या का खुलासा कर दिया है। पुलिस ने दो सगे भाइयों समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से हत्या में इस्तेमाल कुल्हाड़ी, चाकू और लोटा बरामद किया गया है।
घर के अंदर चारपाई पर मिली थी लाश
पुलिस के मुताबिक 18 सितंबर की शाम मझगवां-भट्ठा के पास निर्माणाधीन मकान से बदबू आने की सूचना मिली थी। सूचना पर सिविल लाइन पुलिस मौके पर पहुंची और मकान का ताला तोड़कर अंदर दाखिल हुई।
अंदर चारपाई पर 65 वर्षीय रमाशंकर पुत्र शिवशंकर गर्ग, निवासी पन्ना नाका उमरी, की लाश पड़ी थी। उनके सिर, गले और चेहरे पर गहरे चोट के निशान मिले थे। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
ब्याज पर पैसे देने की जानकारी से खुली जांच की दिशा
जांच के दौरान पुलिस ने मृतक के परिजनों से पूछताछ की। इस दौरान पता चला कि रमाशंकर गर्ग ब्याज पर पैसे देने का काम करते थे। इसके बाद पुलिस ने उनसे पैसे लेने वाले लोगों के बारे में जानकारी जुटाकर एक-एक कर पूछताछ शुरू की।
इसी दौरान अंकित रैकवार और उसके छोटे भाई सचिन रैकवार के बयानों में पुलिस को अंतर मिला। दोनों से पूछताछ करने पर हत्या से जुड़ी जानकारी सामने आई।
30 हजार रुपए के लेनदेन को लेकर था विवाद
पुलिस के अनुसार अंकित ने करीब दो साल पहले रमाशंकर गर्ग से 30 हजार रुपए उधार लिए थे। इस रकम पर 10 प्रतिशत प्रतिमाह ब्याज तय हुआ था। अंकित ने छोटे भाई सचिन के नाम का ब्लैंक चेक गारंटी के तौर पर रमाशंकर के पास जमा कराया था।
कई महीनों तक ब्याज की रकम नहीं मिलने पर रमाशंकर ने चेक बैंक में लगाया। चेक बाउंस होने के बाद उन्होंने कोर्ट में मामला दायर कर दिया था।
समझौते के लिए पहुंचे, बात नहीं बनी तो हत्या
पुलिस के मुताबिक कोर्ट में मामला पहुंचने के बाद अंकित और सचिन के बीच विवाद हुआ। दोनों ने मूल रकम लौटाकर रमाशंकर से समझौता करने की योजना बनाई।
15 सितंबर की रात दोनों अपने रिश्तेदार नीरज रैकवार के साथ रमाशंकर के पास पहुंचे। आरोपियों ने मूल रकम लौटाकर समझौते की बात कही, लेकिन रमाशंकर ने पूरी ब्याज की रकम मिलने के बाद ही समझौता करने की बात कही।
इसके बाद विवाद बढ़ गया और आरोपियों ने लोटा, चाकू और कुल्हाड़ी से हमला कर रमाशंकर की हत्या कर दी। वारदात के बाद तीनों मकान को बाहर से बंद कर फरार हो गए।
दो भाइयों से पूछताछ के बाद तीसरा आरोपी पकड़ा
पुलिस ने मामले में सचिन पुत्र सुनील रैकवार (25), निवासी बिहारी मोहल्ला-सिविल लाइन, उसके बड़े भाई अंकित रैकवार (28), निवासी मारुति नगर और नीरज पुत्र देवशरण रैकवार (36), निवासी रगौली-कोटर को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल कुल्हाड़ी, चाकू और लोटा बरामद किया है। मेडिकल परीक्षण के बाद तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।