मध्यप्रदेश के मऊगंज जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र स्थित बिझौली गांव में पुलिस ने हाईटेक सिंथेटिक ड्रग्स फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। आईजी गौरव राजपूत को मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने देर रात छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान मौके से लगभग 360 ग्राम संदिग्ध सिंथेटिक मादक पदार्थ (MD ड्रग), बड़ी मात्रा में रासायनिक पदार्थ और निर्माण में इस्तेमाल होने वाले उपकरण बरामद किए गए।
1.28 करोड़ रुपये का मादक पदार्थ और केमिकल जब्त
एसपी सुरेंद्र कुमार जैन ने बताया कि फैक्ट्री से जब्त सिंथेटिक मादक पदार्थ की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ रुपये है। इसके अलावा 300 लीटर से अधिक विभिन्न रासायनिक पदार्थ, अन्य कच्चा माल, ड्रग्स तैयार करने वाले उपकरण और एक चार पहिया वाहन भी जब्त किया गया है। कुल बरामद सामग्री का मूल्य लगभग 1 करोड़ 28 लाख रुपये आंका गया है।
रीवा जिले के चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में रीवा जिले के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें चंदन सिंह, अशोक गुप्ता, पीकचन्द्र यादव और ऋषभ सेन शामिल हैं। सभी आरोपियों के खिलाफ शाहपुर थाने में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/22 के तहत मामला दर्ज कर पूछताछ की जा रही है।
मुंबई तक फैला था सप्लाई नेटवर्क
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि फैक्ट्री में तैयार सिंथेटिक मादक पदार्थ की सप्लाई मुंबई तक की जा रही थी। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों, मादक पदार्थ के स्रोत और पूरी सप्लाई चेन की जांच में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर आगे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
पान मसाला में मिलाकर किया जाता था इस्तेमाल
जांच में यह भी सामने आया है कि इस सिंथेटिक ड्रग का इस्तेमाल पान मसाला में मिलाकर किया जाता था। विशेषज्ञों के अनुसार, लंबे समय तक इसका सेवन करने से स्मरण शक्ति कमजोर होना, अवसाद, चिंता, अनिद्रा और मस्तिष्क पर गंभीर दुष्प्रभाव पड़ सकते हैं।