सतना। डिजिटल डेस्क
सावन के अंतिम सोमवार पर सतना शहर में कांवड़ यात्रा निकाली गई। पूर्व विधायक स्वर्गीय शंकरलाल तिवारी की स्मृति में आयोजित यात्रा में राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। यात्रा के दौरान शिव-पार्वती के तांडव की प्रस्तुति आकर्षण का केंद्र रही।
पूजन के बाद सुभाष पार्क से शुरू हुई यात्रा
कांवड़ यात्रा का शुभारंभ सुभाष पार्क में पूजा-अर्चना और धार्मिक विधि-विधान के साथ हुआ। इसके बाद कांवड़िए हाथों में सजी कांवड़ और गंगाजल लेकर यात्रा में आगे बढ़े।
यात्रा शहर के प्रमुख बाजारों और मार्गों से होते हुए जगतदेव तालाब पहुंची। यात्रा में बच्चे, युवा, महिलाएं और बुजुर्ग भी शामिल हुए।
कांवड़िए पूरे रास्ते हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयकारे लगाते रहे। ढोल-नगाड़ों और डमरू की थाप के बीच यात्रा का माहौल शिवभक्ति से सराबोर रहा।
जगह-जगह पुष्पवर्षा और जलपान से स्वागत
कांवड़ यात्रा के मार्ग में सामाजिक और धार्मिक संगठनों की ओर से श्रद्धालुओं का स्वागत किया गया। कई स्थानों पर कांवड़ियों पर पुष्पवर्षा की गई।
श्रद्धालुओं के लिए फलाहार और शीतल जल की व्यवस्था भी की गई। यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में लोग मार्ग के दोनों ओर मौजूद रहे।
शिव-पार्वती के तांडव ने खींचा ध्यान
कांवड़ यात्रा में शिव-पार्वती के स्वरूप में कलाकारों की तांडव नृत्य प्रस्तुति आकर्षण का केंद्र रही। कलाकारों ने ढोल-नगाड़ों और डमरू की थाप पर प्रस्तुति दी।
तांडव नृत्य के दौरान कलाकारों की भाव-भंगिमाओं और प्रस्तुति को देखने के लिए श्रद्धालु रुके रहे। कई लोगों ने मोबाइल फोन से प्रस्तुति के वीडियो भी बनाए।
जगतदेव तालाब पहुंचकर किया जलाभिषेक
कांवड़िए गंगाजल लेकर जगतदेव तालाब स्थित शिव मंदिर पहुंचे। यहां भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया गया।
सावन के अंतिम सोमवार के चलते सतना के शिवालयों में भी सुबह से श्रद्धालुओं की भीड़ रही। भक्तों ने पूजा-अर्चना और जलाभिषेक कर भगवान शिव का आशीर्वाद लिया।
सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस-प्रशासन तैनात
कांवड़ यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की मौजूदगी को देखते हुए पुलिस और प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था की गई। यात्रा मार्ग पर पुलिस बल तैनात रहा।
यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए यात्रा के दौरान रूट डायवर्जन भी किया गया, ताकि कांवड़ यात्रा के साथ आम यातायात को भी व्यवस्थित रखा जा सके।