सतना। डिजिटल डेस्क
बैंक से ज्यादा ब्याज और कम समय में रकम दोगुनी करने का लालच देकर लोगों से लाखों रुपये जमा कराने वाली कथित कंपनी के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई की है। सिटी कोतवाली पुलिस ने एचीवर्स क्रेडिट को-ऑपरेटिव कंपनी के कलेक्शन मैनेजर को गिरफ्तार किया है। मामले में अब तक 135 से ज्यादा पीड़ित सामने आ चुके हैं और शिकायतों के आधार पर ठगी की रकम 80 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। पुलिस के मुताबिक कंपनी के डायरेक्टर, मैनेजर समेत अन्य आरोपी अभी फरार हैं। उनकी तलाश में पुलिस की टीमें जुटी हुई हैं।
ज्यादा ब्याज और रकम डबल करने का दिया झांसा
पुलिस के अनुसार एचीवर्स क्रेडिट को-ऑपरेटिव कंपनी की ओर से लोगों को बैंक की तुलना में ज्यादा ब्याज देने और कम समय में रकम दोगुनी करने का भरोसा दिलाया गया था।
कंपनी के दावों और वादों पर भरोसा कर कई लोगों ने अपनी मेहनत की कमाई जमा कर दी। शुरुआत में लोगों को भुगतान और निवेश से जुड़े भरोसे दिए गए, लेकिन बाद में जब रकम वापस लेने का समय आया तो कथित तौर पर कंपनी के जिम्मेदार लोग टालमटोल करने लगे।
भुगतान का समय आया तो बंद मिला कार्यालय
मामले के अनुसार, लोगों ने जब अपनी जमा रकम और ब्याज की मांग की तो उन्हें लगातार अलग-अलग तरह के जवाब दिए जाने लगे। कुछ समय बाद कंपनी का कार्यालय बंद हो गया और जिम्मेदार लोग भी कथित तौर पर गायब हो गए। पीड़ितों ने अपने स्तर पर रकम वापस पाने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिलने पर पुलिस से शिकायत की।
15 मार्च को दर्ज हुई शिकायत
पुलिस के मुताबिक प्रमोद कुमार पुत्र रामनाथ दुबे, निवासी संत रविदास वार्ड, सागर समेत अन्य लोगों ने 15 मार्च 2026 को लिखित शिकायत दर्ज कराई थी।
शिकायत के आधार पर सिटी कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू की। जांच आगे बढ़ने के साथ एक के बाद एक पीड़ित पुलिस के सामने पहुंचते गए।
अब तक 135 से ज्यादा पीड़ित सामने आने की जानकारी पुलिस ने दी है। इन शिकायतों के आधार पर कथित ठगी की रकम का आंकड़ा 80 लाख रुपये से अधिक पहुंच गया है।
पांच महीने तक बदलते रहे ठिकाने
पुलिस के मुताबिक मामला दर्ज होने की जानकारी मिलने के बाद आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहे थे। करीब पांच महीने तक पुलिस उनकी तलाश करती रही।
इसी दौरान पुलिस को आरोपी के उतैली में मौजूद होने की सूचना मिली। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने वहां दबिश दी और चंद्रिका प्रसाद पुत्र रोशनलाल कुशवाहा, उम्र 34 वर्ष, निवासी उतैली, थाना कोलगवां को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में मिली अहम जानकारी
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ में मामले से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई हैं। फरार आरोपियों के संबंध में भी पुलिस को जानकारी मिलने की बात कही जा रही है।
पुलिस अब इन जानकारियों के आधार पर कंपनी के अन्य जिम्मेदार लोगों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। मामले में फरार डायरेक्टर, मैनेजर और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
गिरफ्तार आरोपी को भेजा जेल
पुलिस ने गिरफ्तार कलेक्शन मैनेजर को न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस अब मामले में सामने आए सभी पीड़ितों की शिकायतों और जमा रकम से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर रही है।
जांच के दौरान यह भी स्पष्ट किया जाएगा कि कंपनी के माध्यम से कितने लोगों से रकम जमा कराई गई और कुल कितनी राशि का लेनदेन हुआ।
अन्य आरोपियों की तलाश तेज
सिटी कोतवाली पुलिस का कहना है कि मामले में फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए तलाश तेज कर दी गई है। पुलिस कथित ठगी के नेटवर्क और कंपनी से जुड़े लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद मामले में ठगी की कुल रकम और आरोपियों की भूमिका को लेकर स्थिति और स्पष्ट होने की उम्मीद है।