मंडला। मध्य प्रदेश के कान्हा टाइगर रिजर्व से एक दुखद खबर सामने आई है। बफर जोन के सिझोरा परिक्षेत्र के ग्राम खटोला से शुक्रवार को रेस्क्यू किए गए तेंदुए की इलाज के दौरान मौत हो गई। वन विभाग ने मृत तेंदुए का पोस्टमार्टम कर बिसरा फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
घर में घुस गया था तेंदुआ
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह करीब 7 बजे कान्हा टाइगर रिजर्व के बफर जोन स्थित सिझोरा परिक्षेत्र के ग्राम खटोला में एक तेंदुआ ग्रामीण गिंदिया बाई के घर में घुस गया था। सूचना मिलते ही कान्हा टाइगर रिजर्व की रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची।
रेस्क्यू के दौरान मिला घायल
वन्यजीव चिकित्सक डॉ. संदीप अग्रवाल और उनकी टीम ने सुरक्षित रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर तेंदुए को बाहर निकाला। जांच के दौरान उसके शरीर पर चोट के निशान मिले। मौके पर प्राथमिक उपचार देने के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए वन्यजीव चिकित्सालय मुक्की ले जाया गया।
इलाज के दौरान हुई मौत
मुक्की स्थित वन्यजीव चिकित्सालय में उपचार के दौरान तेंदुए की मौत हो गई। इसके बाद कान्हा टाइगर रिजर्व के वन्यजीव विशेषज्ञों की मौजूदगी में पोस्टमार्टम कराया गया।
फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया बिसरा
वन विभाग ने बताया कि मौत के कारणों की पुष्टि के लिए बिसरा फोरेंसिक प्रयोगशाला भेजा गया है। रिपोर्ट मिलने के बाद यह स्पष्ट होगा कि तेंदुए की मौत चोटों, किसी बीमारी या अन्य कारणों से हुई।
शव का किया गया अंतिम संस्कार
पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद वन विभाग ने नियमानुसार तेंदुए के शव का अंतिम संस्कार कर दिया। फिलहाल विभाग फोरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है।